Ankylosing Spondylitis ke kya laksan hote hai?
Ankylosing Spondylitis (एंकिलोजिंग स्पॉन्डिलाइटिस)
यह बीमारी क्या है?
एंकिलोजिंग स्पॉन्डिलाइटिस रीढ़ की हड्डी (Spine) की एक दीर्घकालिक सूजन संबंधी बीमारी है। इसमें रीढ़ की हड्डियों के बीच के जोड़ों में सूजन आती है और धीरे-धीरे वे आपस में जुड़ने लगते हैं। इससे रीढ़ की हड्डी कठोर और अनम्य हो जाती है। यह एक ऑटोइम्यून बीमारी है जो पुरुषों में महिलाओं की तुलना में अधिक होती है।
यह बीमारी कैसे होती है?
इम्यून सिस्टम रीढ़ के जोड़ों पर हमला करता है जिससे लगातार सूजन रहती है। यह सूजन जोड़ों की हड्डियों को आपस में जोड़ने लगती है जिसे Fusion कहते हैं। धीरे-धीरे रीढ़ बांस जैसी सीधी और कठोर हो जाती है जिसे Bamboo Spine कहते हैं।
बीमारी के कारण (Causes)?
- HLA-B27 जीन — 90% मरीजों में यह जीन पाया जाता है
- अनुवांशिक कारण — परिवार में किसी को हो
- इम्यून सिस्टम की खराबी
- पर्यावरणीय कारण
- आंतों के बैक्टीरिया का असंतुलन
- बार-बार संक्रमण
लक्षण (Symptoms)?
- पीठ के निचले हिस्से में सुबह अकड़न और दर्द
- सुबह उठने पर दर्द अधिक जो व्यायाम से कम हो
- रात को दर्द से नींद टूटना
- कूल्हे और नितंब में दर्द
- गर्दन में दर्द और अकड़न
- थकान और कमजोरी
- सांस लेने में कठिनाई — पसलियां प्रभावित होने पर
- आंखों में लालिमा और दर्द (Uveitis)
- एड़ी में दर्द
- धीरे-धीरे झुककर चलना
महत्वपूर्ण जानकारीएंकिलोजिंग स्पॉन्डिलाइटिस पूरी तरह ठीक नहीं होती लेकिन सही इलाज और नियमित व्यायाम से इसे नियंत्रित किया जा सकता है। इस बीमारी में व्यायाम दवा से अधिक महत्वपूर्ण है। आराम करने से दर्द बढ़ता है और व्यायाम से कम होता है — यह इसकी विशेषता है।
क्या खाएं?
- ओमेगा 3 युक्त भोजन — मछली, अलसी, अखरोट
- हल्दी और अदरक — प्राकृतिक सूजनरोधी
- हरी सब्जियां — पालक, ब्रोकली, पत्तागोभी
- फल — विशेषकर बेरीज और चेरी
- कैल्शियम युक्त भोजन — दूध, दही, तिल
- विटामिन D — धूप और मछली
- साबुत अनाज, पर्याप्त पानी
क्या न खाएं?
- प्रोसेस्ड और जंक फूड — सूजन बढ़ाता है
- रेड मीट अधिक मात्रा में
- शराब
- धूम्रपान — बीमारी को तेजी से बढ़ाता है
- अधिक नमक
- मैदा और रिफाइंड कार्बोहाइड्रेट
- तला-भुना खाना
- कोल्ड ड्रिंक और सोडा
- आराम अधिक करना — व्यायाम न छोड़ें
निष्कर्ष (Conclusion)
एंकिलोजिंग स्पॉन्डिलाइटिस में नियमित व्यायाम, स्विमिंग और योग सबसे महत्वपूर्ण उपचार हैं। धूम्रपान बंद करना और सही खान-पान बीमारी को आगे बढ़ने से रोकता है। होम्योपैथिक चिकित्सा इस बीमारी में सूजन कम करने और जोड़ों को Fuse होने से रोकने में सहायक है। सकारात्मक दृष्टिकोण और नियमित इलाज से इस बीमारी के मरीज एक सक्रिय और गुणवत्तापूर्ण जीवन जी सकते हैं।