Adenomyosis स्त्री-रोग के संबंधी समस्या है, जिस में गर्भाशय की अंदरूनी पर्त – एंडोमेट्रियम की कोशिकाएं गर्भाशय की मांसपेशियों की पर्त के अंदर बढ़ने लगती हैं। इस कारण से गर्भाशय बड़ा हो जाता है, जिस से पीरियड्स में अत्यधिक दर्द और बहुत ज़्यादा ब्लीडिंग होने लगती है।
इस तरह के समस्या ३० से ५० उम्र की महिलाओं में ज्यादा देखी जाती है, खास कर के उन महिलाओं में जिन की डिलीवरी हो चुकी होती है।
१) Adenomyosis कैसे होता है?
- सामान्य स्थिति में एंडोमेट्रियम गर्भाशय की अंदरूनी सतह तक ही सीमित रहता है। पर Adenomyosis में कोशिकाएं गर्भाशय की मांसपेशियों के अंदर प्रवेश कर जाती हैं।
- पीरियड्स के दौरान कोशिकाएं भी हार्मोन के असर से सूजती और ब्लीड करती हैं, पर बाहर निकलने का रास्ता न होने के कारण से
- तेज दर्द होता है, और सूजन बढ़ती है. गर्भाशय भारी तथा संवेदनशील हो जाता है.
२) Adenomyosis होने के क्या - क्या मुख्य कारण होते है?
Adenomyosis होने का सटीक कारण पूरी तरह से स्पष्ट नहीं है, पर कुछ संभावित कारण माने जाते हैं, जैसे की,
1. हार्मोनल का असंतुलन :: एस्ट्रोजन हार्मोन के ज्यादा इस बीमारी को बढ़ा सकती है।
2. डिलीवरी या गर्भाशय की सर्जरी :: सी-सेक्शन या अन्य गर्भाशय से जुड़ी सर्जरी के बाद एंडोमेट्रियल कोशिकाएं मांसपेशियों में प्रवेश कर सकती हैं।
3.उम्र से भी जुड़ा बदलाव :: उम्र बढ़ने के साथ में गर्भाशय की संरचना में परिवर्तन होता है, जिस से समस्या हो सकती है।
4. सूजन :: डिलीवरी के बाद गर्भाशय में होने वाली सूजन भी कारण बन सकती है।
5. जेनेटिक कारण यह समस्या पारिवारिक रूप से देखी जाती है।
३) Adenomyosis के क्या -क्या लक्षण दिखाई देते है?
हर महिला में लक्षण एक जैसे नहीं होते, पर आमतौर पर निम्न लक्षण हैं,
- पीरियड्स के दौरान असहनीय पेट में दर्द का होना।
- बहुत ज़्यादा समय तक ब्लीडिंग।
- बड़े खून के थक्के।
- पेट के निचले भाग में भारीपन जैसा लगना।
- थकान तथा कमजोरी।
- संभोग के दौरान ज्यादा दर्द का होना।
४) Adenomyosis की पहचान कैसे की जाती है?
Adenomyosis का पता करने के लिए डॉ. निम्न जांच कर सकते हैं,
1. पेल्विक एग्ज़ामिनेशन
गर्भाशय बड़ा, और दर्दनाक महसूस होता है.
2. अल्ट्रासाउंड
गर्भाशय के मांसपेशियों में असामान्यता होती है.
3. MRI का स्कैन
सबसे सटीक जांच मानी जाती है.
4. ब्लड टेस्ट :: एनीमिया का पता करने के लिए।
५) Adenomyosis का सही इलाज क्या हो सकता है?
1. दवाइयों के द्वारा इलाज Pain Killers :: दर्द तथा सूजन को कम करने के लिए।
2. लाइफस्टाइल , घरेलू उपाय
- गर्म पानी के थैली से सेक करना।
- कसरत करना।
- तनाव को कम करना।
- कैफीन तथा जंक फूड से परहेज करना।
६) Adenomyosis होने पर कब डॉ. से मिलना ज़रूरी है?
अगर ऐसा कुछ लक्षण दिखाई दे तो तुरंत ही डॉ. से मिलना चाहिए ,
- पीरियड्स में असहनीय तेज दर्द का होना।
- बहुत ज़्यादा ब्लीडिंग का होना।
- लगातार थकान जैसा लगना।
- अगर दवा से राहत न मिले।
तो स्त्री-रोग डॉ. से परामर्श लें।